Study Materials

NCERT Solutions for Class 11th राजनितिक विज्ञान - I

 

Page 1 of 3

Chapter Chapter 7. संघवाद

मुख्य बिन्दू

 

 

 

मुख्य बिन्दू :- 


  • 1990 के दशक में नए राज्य बनाने की माँग को पूरा करने तथा अधिक प्रशासकीय सुविधा के लिए कुछ बड़े राज्यों का विभाजन किया गया। बिहार, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश को विभाजित कर तीन नए राज्य क्रमशः झारखंड, उत्तरांचल और छत्तीसगढ़ बनाए गए।
  • सोवियत संघ विश्व की एक महाशक्ति था पर 1989 के बाद वह अनेक स्वतंत्र देशों में बँट गया। इनमें से कुछ ने मिल कर‘स्वतंत्र राज्यों का राष्ट्रमंडल’ बना लिया।
  • सोवियत संघ के विघटन के प्रमुख कारण वहाँ शक्तियों का अतिशय संघनन और केन्द्रीयकरण की प्रवृत्तियाँ थीं।
  • 14 अगस्त 1947 को भारत का विभाजन हो गया | भारत और पाकिस्तान  के रूप में | 
  • 1958 में ‘वेस्टइंडीज संघ’ ;फेडरेशन आँफ वेस्टइंडीज का जन्म हुआ।
  • 1914 तक उत्तरी नाईज़ीरिया और दक्षिणी नाईज़ीरिया ब्रिटेन के दो उपनिवेश थे।
  • 1950 में इबादान सैंवैधानिक सम्मेलन में नाईज़ीरिया के नेताओं ने एक संघीय संविधान बनाने का निर्णय लिया।
  • नाईज़ीरिया की तीन बड़ी जातीयताएँ एरुबा, इबो और हउसा-फुलानी हैं।
  • 1979 वें सैनिक संविधान के अंतर्गत किसी भी राज्य को सिविल पुलिस रखने का अधिकार  नहीं था।
  • भारत के संविधान के अंग्रेजी संस्करण में ‘फेडरेशन ’ शब्द का नहीं बल्कि ‘यूनियन’ शब्द का प्रयोग किया गया है |
  • अनुच्छेद 1 -(1) भारत, अर्थात् इंडिया,राज्यों का संघ (यूनियन) होगा। (2) राज्य और उनके राज्य क्षेत्र वे होंगे जो पहली अनुसूची में विनिर्दिष्ट हैं।
  • संविधान के दो अन्य अनुच्छेद 33 और 34 संघ सरकार की शक्ति को उस स्थिति में काफी बढ़ा देते हैं जब देश के किसी क्षेत्र में ‘सैनिक शासन’ ;मार्शल लॉ लागू हो जाये।
  • 1950 तथा 1960 के दशक के प्राम्भिक वर्षों में जवाहरलाल नेहरू ने भारतीय संघीय व्यवस्था की नींव रखी। इस दौरान केंद्र और राज्यों में काँग्रेस का वर्चस्व था।
  • 1977 में पश्चिम-बंगाल की वामपंथी सरकार ने केंद्र -राज्य संबंधों  को पुनपरिभाषित करने के लिए एक दस्तावेज प्रकाशित किया।
  • संविधान के सर्वाधिक विवादास्पद प्रावधानों में से एक अनुच्छेद 356 है। इसके द्वारा राज्यों में राष्ट्रपति शासन लागू किया जाता है।
  • सन1959 में केरल में और सन 1967 के बाद अनेक राज्यों में बहुमत की परीक्षा के बिना ही सरकारों को बर्खास्त कर दिया गया।
  • सन् 1980 के दशक में केन्द्रीय सरकार ने आंध्र प्रदेश और जम्मू-कश्मीर की निर्वाचित सरकारों को बर्खास्त किया।
  • 1954 में राज्य पुर्नगठन आयोग की स्थापना की गई जिसने प्रमुख भाषाई समुदायों के लिए भाषा के आधार पर राज्यों के गठन की सिफारिश की।
  • सन 1956 में भाषाई आधार पर राज्यों के गठन की शुरुआत हुई और यह प्रक्रिया अभी भी जारी है।
  • सन 1960 में गुजरात और महाराष्ट्र का गठन हुआ | 
  • सन 1966 में पंजाब और हरियाणा को अलग-अलग किया गया।
  • अनुच्छेद 370 के द्वारा जम्मू-कश्मीर को विशिष्ट स्थिति प्रदान की गई है। जम्मू-कश्मीर एक विशाल देशी रियासत था। भारत विभाजन के समय हिंदुस्तान या पाकिस्तान में से किसी एक में शामिल होने का इसके पास विकल्प था।
  • अनुच्छेद 370 के अनुसार केंद्र सूची और समवर्ती सूची के किसी विषय पर संसद द्वारा कानून बनाने और उसे जम्मू-कश्मीर में लागू करने के लिए इस राज्य की सहमति आवश्यक है।
  • जम्मू-कश्मीर और अन्य राज्यों में एक अंतर यह है कि राज्य सरकार की सहमति के बिना जम्मू-कश्मीर में ‘आंतरिक अशांति’ के आधर पर ‘अपात्काल’ लागू नहींकिया जा सकता।
  • संघ सरकार जम्मू-कश्मीर में वित्तीय आपात् स्थिति लागू नहीं कर सकती तथा राज्य के नीति-निर्देशक तत्त्व यहाँ लागू नहीं होते।
  • भारतीय संविधान के संशोधन(अनुच्छेद 368 के अंतर्गत ) राज्य सरकार की सहमति से ही जम्मू-कश्मीर में आपातकाल लागू हो सकती हैं।
  • केंद्र -राज्य संबंधों से जुड़े मसलों की पड़ताल के लिए केंद्र सरकार द्वारा 1983 में एक आयोग बनाया गया। इस आयोग को ‘सरकारिया आयोग’ के नाम से जाना जाता है।
  • सोवियत संघ विश्व की एक महाशक्ति था पर 1989 के बाद वह अनेक स्वतंत्र देशों में बँट गया। इनमें से कुछ ने मिल कर‘स्वतंत्रा राज्यों का राष्ट्रमंडल’ बना लिया।

 

Page 1 of 3

 

Chapter Contents: