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NCERT Solutions for Class 10th History

 

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Chapter Chapter 2. इंडो-चाइना

दीर्घ-उत्तरीय प्रश्नोत्तर

 

 

 

3 अंक वाले प्रश्न:

प्रश्न - फ्रांसीसियों को उपनिवेशों की जरूरत क्यों पड़ी , अपने उतर के पक्ष में तीन तर्क दीजिए । 
उत्तर - फ्रांसीसियों को उपनिवेशों की जरूरत निम्न के लिए पड़ी:- 
1. प्राकृतिक संसाधन हासिल करने और जरूरी साजा समान जुटाने के लिए उपनिवेश जरूरी माना जाता था । 
2. इसके अलावा , दूसरे पश्चिमी राष्ट्रों की तरह फ्रांसीसियों को भी लगता था कि दुनिया के पिछड़े समाजों तक सभ्यता को रोशनी पहुँचाना विकसित यूरोपीय राष्ट्रों का जरूरी था । 
3. अपने विकास के लिए भी फ्रांसीसियों को उपनिवेशों की जरूरत पड़ी । 

प्रश्न - उपनिवेशों का विकास क्यों जरूरी है। तीन बिंदुओं में स्पष्ट कीजिए । 

उत्तर - उपनिवेशों का विकास जरूरी हैं । उपनिवेशों की अर्थव्यवस्था का विकास बहुत जरूरी है। उपनिवेश मुनाफा कमाने के लिए ही बनाए जाते हैं । अगर किसी गुलाम देश की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और जीवनस्तर बेहतर होगा तो वे जयादा चीजें खरीदेगें जिससे बाजार फैलेगा और फ्रांसीसी व्यवसायों को फायदा होगा । 

प्रश्न - ‘‘एकतरफा अनुबंध’’ व्यवस्था का आशय स्पष्ट कीजिए । 

उत्तर - वियतनाम के बागानों में इस तरह की मजदूरी व्यवस्था काफी प्रचलित थी । इस व्यवस्था में मजदूर ऐसे अनुबंधो के तहत काम आते थे जिनमें मजदूरों को काई अधिकार नहीं दिए जाते थे जबकि मालिकों को बेहिसाब अधिकार मिलते थे । अगर मजदूर अनुबंध के शर्तो के हिसाब से अपना काम पूरा न कर पाँए तो मालिक उनके खिलाफ मुकदमे दायर कर देते थे । 
प्रश्न - फ्रांसीसी चीनी युद्ध का क्या परिणाम हुआ ? अपने उतर की पुष्टि तीन तथ्यों द्वारा प्रकट कीजिए । 

उत्तर - फ्रांसीसी चीनी युद्ध के निम्न परिणाम हुए:

1.    इस युद्ध के परिणाम स्वरूप वियतनाम ने टोंकिन और अनाम पर भी कब्जा कर लिया । 
2.    इस युद्ध के परिणामस्वरूप 1887 में फ्रैच इंडो चाइना का गठन किया गया । 
3.    फ्रांसीसी शासक वियतनाम पर अपना कबजा स्थापित करते गए । 

प्रश्न - नीति निर्माता पाॅल बनार्ड ने उपनिवेशों की अर्थव्यवस्था के विकास पर क्यों जोर दिया ? तीन बिंदुओं द्वारा प्रकट कीजिए । 

प्रश्न - वियतनाम की आर्थिक प्रगति को बाधित करने वाली तीन समस्याओं का वर्णन करो । 
उत्तर - वियतनाम की आर्थिक प्रगति को बाधित करने वाली तीन समस्याँए निम्न थी:-
1.    देश की आबादी ज्यादा थी । 
2.    खेती का उत्पादन स्तर कम था । 
3.    किसान भारी कर्जे में डूबे हुए थे । 

प्रश्न: 1902 में फ़्रांसीसी सरकार द्वारा चूहों को पकड़ने के लिए अपनाए गए किन्ही तीन उपायों का वर्णन कीजिए |

उत्तर:

(i) चूहों को पकड़ने के लिए वियतनामियों को काम पर रखा गया और उन्हें हर चूहे के बदले ईनाम दिया जाने लगा |

(ii) उन्हें पैसे लेने के लिए चूहों की कटी पूँछ दिखानी होती थी |

(iii) बाद में लोगों ने पैसे कमाने के लालच में घर में ही चूहे पालने लगे और चूहों की कटी पूँछ दिखा देते थे और चूहों को जिन्दा छोड़ देते थे |

प्रश्न: पाठशालायें राजनैतिक आखाड़ों में क्यों तब्दील होने लगी, इस कथन की पुष्टि कीजिए |  

उत्तर:

(i) 1920 के दशक तक छात्र और छात्राएं राजनितिक पार्टियाँ बनाने लगे थे |

(ii) शिक्षा पर नियंत्रण के माध्यम से फ्रांसिसी लोग वियतनाम पर कब्ज़ा को और मजबूत करना चाहते थे |

(iii) वे जनता की मूल्य-मान्यताओं, तौर-तरीकों और रवैयों को बदलने का प्रयास करने लगे |

(iv) वियतनामी बच्चों को इस प्रकार शिक्षा दी जाती थी कि उनकों सफेदपोश नौकरियों के लायक योग्यता न मिले | छात्र-छात्राओं में उनकी इस चाल का जमकर विरोध करने लगे |

(v)  फ्रांसिसी लोग वियतनामियों को पूरी शिक्षा देने का विरोध करते थे |

(vi) 1926 में साइगॉन नेटिव गर्ल्स स्कूल में एक बड़ा आन्दोलन खड़ा हो गया जिसके बाद लोग खुलेआम जुलुस निकालने लगे |

प्रश्न: स्कार्ल्स रिवोल्ट का वर्णन तीन बिन्दुओ में कीजिए | 

प्रश्न: होआ हाओ आन्दोलन क्या था ? अपने उत्तर की पुष्टि तीन तर्कों के द्वारा कीजिए |

उत्तर : होआ हाओ आन्दोलन 1939 में शुरू हुआ था | यह आन्दोलन उन्नीसवीं सदी के उपनिवेशवाद विरोधी आन्दोलन में उपजे विचारों से प्रेरित था | इस आन्दोलन के संस्थापक का नाम हुइन्ह फू सो था | वह क्जदु टोना और गरीबों की मदद किया करते थे | व्यर्थ खर्चे के खिलाफ जो वे उपदेश देते थे उसका लोगों पर काफी असर था | वह बालिका वधुओं की खरीद-फरोख्त, शराब व अफ़ीम के प्रखर विरोधी थे |

(i) फ्रांसिसियों ने हुइन्ह फू सो के विचारों पर आधारित आन्दोलन को कुचलने का कई तरह से प्रयास किया |

(ii) उन्होंने हुइन्ह फू सो को पागल घोषित कर दिया और सरकार ने उन्हें पागलखाने में डाल दिया |

(iii) फ्रांसिसी सरकार ने उन्हें वियतनाम से निष्कासित करके लाओस  भेज दिया और उनके बहुत से अनुयायियों को यातना शिविर में डाल दिया गया |

प्रश्न: वियतनाम गणराज्य के सामने मुख्य चुनौतियाँ क्या थी ? तीन का वर्णन करों |

उत्तर: वियतनाम गणराज्य के सामने निम्नलिखित मुख्य चुनौतियाँ थी |

(i) फ्रांसीसियों की पराजय के बाद वियतनाम में दो अलग-अलग देश बना दिए गए उतरी और दक्षिणी वियतनाम | इस बँटवारे से पूरा वियतनाम युद्ध के मोर्चे में तब्दील हो गया |

(ii) दक्षिणी वियतनाम में तख्तापलट हो गया जहाँ बाओ डाई को गद्दी से हटा दिया  गया और दीएम् की अगुआई में एक और दमनकारी व निरंकुश शासन की स्थापना हुई | जिससे वियतनाम के सामने वियतनाम की एकीकरण की चुनौती थी | 

(iii) वियतनाम में कम्युनिस्टों के शासन के डर से अमेरिका ने अपनी फ़ौज और गोला-बारूद वियतनाम में तैनात करना शुरू कर दिया |

प्रश्न: हो ची मिन्ह भूलभुलैया मार्ग की मुख्य तीन विशेषताएँ बताइए |

उत्तर:

(i) यह फुटपाथों और सडकों का एक विशाल नेटवर्क था जिसके जरिए देश के उत्तर से दक्षिण की ओर सैनिक व रसद भेजी जाती थी |

(ii) इस मार्ग पर जगह-जगह छोटे-छोटे सैनिक अड्डे और अस्पताल बने हुए थे | कुछ इलाकों में माल ढुलाई के लिए ट्रकों का इस्तेमाल होता था |

(iii) 1967 के बाद हर महीने लगभग 20,000 उतरी वियतनामी सैनिक इसी रास्ते से होते हुए दक्षिणी वियतनाम पहुँचते थे |   

प्रश्न: चीन के विरुद्ध में ट्रंग बहनों का क्या योगदान रहा ? वर्णन कीजिए |

उत्तर: इन ट्रंग बहनों ने वियतनामी राष्ट्र को चीनियों से मुक्त कराने के लिए देशभक्ति के भाव से कई कारनामें किये | उन्होंने चीनियों का दो साल तक मुकाबला किया और अंत में जब  उन्हें अपनी पराजय निश्चित दिखाई देने लगा तो शत्रु के सामने आत्मसमर्पण के बजाय उन्होंने ख़ुदकुशी कर ली |

प्रश्न: वियतनामी समाज में औरतों की समाजिक स्थिति का वर्णन कीजिए |

उत्तर:

(i) औरतों की स्थिति पुरुषों के मुकाबले कमजोर थी |

(ii) वे अपने भविष्य के बारे में अहम् फैसले नहीं ले सकती थी |

(iii) सार्वजानिक जीवन में उनका कोई खास दखल नहीं होता था |

प्रश्न: त्रियु अयु कौन थी ? वियतनाम के इतिहास में इनका नाम महत्वपूर्ण और सम्मानित रहा है, क्यों?

उत्तर: त्रियु अयु तीसरी सदी की वियतनामी विद्रोहिणी थी | वह बचपन से यतीम  थी और माँ-बाप के मरने के बाद वह अपने भाई के साथ रहने लगी और बड़ी होने पर घर छोड़ कर जंगल में चली गई और और वही एक विशाल सेना का गठन किया और चीनियों के वर्चस्व को चुनौती दी | संघर्ष के बाद जब उनकी सेना हार गई तो उन्होंने पानी में डूबकर अपनी जान दे दी | वियतनामियों के लिए वह एक देवी बन गई थीं |

4 अंक के प्रश्न:

प्रश्न: वियतनाम में फ्रांसिसी शिक्षाविदों के बीच भाषा के माध्यम पर क्या मतभेद थे ? दो बिन्दुओं में विवरण दीजिए |

उत्तर: चूँकि वियतनाम में वहाँ के धनी और अभिजात्य तबके के लोग चीनी संस्कृति से गहरे तौर पर प्रभावित थे | चीनी भाषा को हटाकर लोगों को कौन सी भाषा पढाई जाये वियतनामी भाषा या फ्रांसिसी भाषा इस बात पर वहाँ के शिक्षाविदों में दो मत थे |

(i) पहला मत यह था कि फ्रांसिसी भाषा को ही शिक्षा का माध्यम बनाया जाये फ्रांसिसी भाषा सिखने से वियतनाम के लोग फ़्रांस की संस्कृति और सभ्यता से परिचित हो जाएँ, ताकि वियतनाम के शिक्षा प्राप्त लोग फ्रांसिसी भावनाओं का सम्मान करने लग जाएँ और फ्रांसिसियों के लिए लगन से काम करने लग जाएँ |

(ii) दूसरा मत  यह था कि छोटी कक्षाओं में वियतनामी भाषा और बड़ी कक्षाओं में फ्रांसिसी भाषा में शिक्षा दी जाएँ तो ज्यादा बेहतर होगा | वे चाहते थे कि यदि थोड़े से ही लोग फ्रांसिसी भाषा लिख ले और फ़्रांस की संस्कृति सिख ले तो उन्हें फ़्रांस की नागरिकता दे दी जाएगी |       

प्रश्न: शिक्षा के क्षेत्र में फ्रांसिसियों की मुख्य क्या समस्या थी ? उन्होंने इसका समाधान किस प्रकार किया ?

उत्तर:

(i) फ्रांसिसियों के सामने यह समस्या थी कि वियतनामियों को किस हद तक शिक्षा दी जाए | लेकिन गुलामों को पढ़ाने लिखाने से समस्या भी पैदा हो सकती थी | शिक्षा प्राप्त करने के बाद वियतनामी लोग औपनिवेशिक शासन पर सवाल भी उठा सकते थे | अत: वे लोग वियतनामियों को पूरी फ्रांसिसी शिक्षा देने के विरोध कर रहे थे |

(ii) वियतनाम में वहाँ के धनी और अभिजात्य तबके के लोग चीनी संस्कृति से गहरे तौर पर प्रभावित थे | उन्हें अपने सत्ता को सुदृढ़ आधार प्रदान करने के लिए इस प्रभाव को समाप्त करना जरुरी था | फलस्वरूप उन्होंने परम्परागत शिक्षा व्यवस्था को सुनियोजित तरीके से तहस-नहस कर दिया और वियतनामियों के लिए फ्रांसिसी किस्म के स्कुल खोले |

प्रश्न: 1920 के दशक में फ्रांसिसी व्यापारी वियतनाम में सरकार पर संरचनात्मक परियोजनाओं को विकसित करने के लिए दवाव डाल रहे थे | चार बिंदु देकर स्पष्ट करो |

उत्तर:

(i) फ्रांसिसी व्यवसायी अपने कारोबार में ज्यादा से ज्यादा मुनाफा कमाना चाहते थे जिससे वह इस क्षेत्र में विकास चाहते थे |

(ii) व्यापारिक वस्तुओं के आवागमन के लिए उन्होंने एक विशाल रेल नेटवर्क बनाया |

(iii) फौजी टुकड़ियों की आवाजाही के लिए |

(iv) वियतनाम के पुरे क्षेत्र पर नियंत्रण करने के लिए |

प्रश्न: 1931 तक वियतनाम किस प्रकार विश्व में चावल का तीसरा बड़ा निर्यातक देश बन  गया ? स्पष्ट करो |

उत्तर: 1931 तक वियतनाम विश्व में चावल का तीसरा बड़ा निर्यातक देश बन गया क्योंकि –

(i) फ्रांसिसियों ने वियतनाम के मेकोंग डेल्टा इलाके में खेती बढ़ाने के लिए सबसे पहले वहाँ नहरें बनाई और जल निकासी का प्रबंध शुरू किया और सिंचाई की विशाल व्यवस्था बनाई गई |

(ii) बहुत सारी नहरें और भूमिगत जलधाराएँ बनाई गयी, ज्यादातर लोगों को जबदस्ती काम पर लगा कर सिंचाई की व्यवस्था बनाई गई जिससे अब चावल के उत्पादन में वृद्धि होने लगी |

(iii) 1873 में चावल की खेती केवल 2,74,000 हेक्टेअर इलाके में होती थी लेकिन मात्र 27 साल बाद ही इन व्यस्थाओं के कारण 22 लाख हेक्टेयर हो गया | वियतनाम का दो तिहाई चावल अंतर्राष्ट्रीय बाजार में जाने लगा |  

प्रश्न: स्कूली किताबों में किस प्रकार फ्रांसिसी सभ्यता का गौरवगान किया गया तथा औपनिवेशिक शासन को उचित ठहराया गया ? स्पष्ट कीजिए |

उत्तर: स्कूली किताबों में फ्रांसिसियों का गुणगान किया जाता था और औपनिवेशिक शासन को सही ठहराया जाता था | वियतनामियों को आदिम और पिछड़ा दर्शाया जाता था जो शारीरिक श्रम को कर सकते हैं लेकिन बौद्धिक कामों के लायक नहीं हैं; वे खेतों में काम तो कर सकते हैं लेकिन अपना शासन खुद नहीं चला सकते; वे माहिर नकलची तो हैं पर उनमें रचनाशीलता नहीं है | बच्चों को यह पढाया जाता था कि वियतनाम में केवल फ्रांसिसी ही शांति कायम कर सकते हैं | जब से औपनिवेशिक शासन के कारण ही वियतनामी किसान डाकुओं के भय से मुक्त हुए है और चारों तरफ अमन और चैन है | 

 

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